Kashi ka News. इस प्रतियोगिता का उद्देश्य छुपी हुई प्रतिभा की खोज- कुलसचिव राकेश कुमार

 इस प्रतियोगिता का उद्देश्य छुपी हुई प्रतिभा की खोज- कुलसचिव राकेश कुमार 

ब्यूरो चीफ आनंद सिंह अन्ना 

वाराणसी। काशी सांसद सांस्कृतिक महोत्सव के अंतर्गत संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय वाराणसी में संगीत गायन, वादन,नृत्य एवं नुक्कड़ नाटक के आयोजन के पश्चात् पुरस्कार वितरण का आयोजन किया गया। जिसमें बतौर मुख्य अतिथि संस्था के कुलसचिव श्री राकेश कुमार (आईएएस) ने पुरस्कार वितरण कर अपने उद्बोधन में कहा कि माननीय प्रधानमंत्री जी के संसदीय क्षेत्र में गत तीन वर्षों से निरन्तर इस प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है।जिसका उद्देश्य छिपी हुई प्रतिभा की खोज करना, अर्थात् यह एक ऐसा मंच है जहां पर प्रत्येक के अंदर की प्रतिभा को अवसर देने तथा सम्मानित होने का अधिकार प्राप्त करना है। यह आयोजन वाराणसी के शैक्षिक क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर प्रदान कर रहा है। यह आयोजन न केवल प्रतिभाओं को निखारने का अवसर प्रदान कर रहा है, बल्कि संस्कृति और कला के प्रति लोगों को जोड़ने का भी एक महत्वपूर्ण माध्यम बन रहा है। विशिष्ट अतिथि पूर्व संकायाध्यक्ष प्रो हीरक कांत चक्रवर्ती ने इस प्रतियोगिता के माध्यम से अपने स्किल्स को निखारना ,उसकी पहचान कर उत्साह से आगे बढ़ने में अवसर है। इस प्रतियोगिता की नोडल अधिकारी एवं शिक्षाशास्त्र विभागाध्यक्ष प्रो विशाख शुक्ला ने संपूर्ण कार्यक्रम पर प्रकाश डालते हुए कहा आज विश्वविद्यालय स्तर की प्रतियोगिता के बाद दिनांक 24 नवम्बर को जिलास्तर पर प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा।सभी प्रतिभागियों एवं विद्यार्थियों विजेताओं को प्रमाण पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। नृत्य प्रथम स्थान -प्रियंका मिश्रा। वादन, सितार प्रथम स्थान स्वरूपानंद पाठक, वादन तबला प्रथम स्थान राहुल। गायन लोक संगीत प्रथम स्थान हिमांशु मिश्रा, अखिलेश मिश्रा। गायन सुगम संगीत 40 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में स्वागता चटर्जी प्रथम स्थान। गायन सुगम संगीत प्रथम स्थान विशाल उपाध्याय, मानस तिवारी। नुक्कड़ नाटक नंबर 1 प्रथम स्थान -विषय शिक्षा बनाम बेटियां : शिक्षा की नई पहल, कुल 10 प्रतिभागियों ने सहभाग किया। वैदिक, पौराणिक मंगलाचरण, मंचस्थ अतिथियों के द्वारा दीप प्रज्वलन एवं मां सरस्वती के प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। उस दौरान प्रमुख रूप से डॉ श्रुति उपाध्याय, डॉ शैल पांडेय, डॉ कंचन पाठक, डॉ अखिलेश मिश्र सहित अन्य विद्यार्थियों ने सहभाग किया।