दालमंडीः चौडीकरण मे सहयोग के लिए कई भवन स्वामी रजिस्ट्री को तैयार।
रिपोर्ट: आनंद सिंह अन्ना
वाराणसी। दालमंडी चौड़ीकरण के लिए बुधवार को बुलडोजर कार्रवाई के दौरान कई भवन स्वामी रजिस्ट्री के लिए तैयार नजर आए। नगर निगम द्वारा दालमंडी चौड़ीकरण के तहत पांच अन्य जर्जर भवनों पर कार्रवाई की योजना बनाई गई थी। नगर निगम और पीडब्ल्यूडी के अधिकारी मौके पर पहुंचे, जहां उन्होंने फोर्स के साथ मिलकर कार्रवाई की।
इस दौरान लाउडस्पीकर पर घोषणा की गई, जिसके बाद कई भवन स्वामी बाहर आए और रजिस्ट्री के लिए अपनी सहमति दी। जर्जर भवनों को ध्वस्त करने के लिए जेसीबी भी मौके पर पहुंच चुकी थी। प्रशासन द्वारा जिन पांच जर्जर भवनों को खाली कराना था, उनमें भवन संख्या डी 50/212, डी 1/23, सीके 67/25, डी 50/224, 225 आदि शामिल थे।
दालमंडी क्षेत्र में चौड़ीकरण की यह कार्रवाई लंबे समय से चल रही है, जिसका उद्देश्य यातायात को सुगम बनाना और क्षेत्र की अव्यवस्था को समाप्त करना है। नगर निगम के अधिकारियों ने बताया कि यह कार्रवाई आवश्यक थी, क्योंकि जर्जर भवनों के कारण क्षेत्र में सुरक्षा का खतरा उत्पन्न हो रहा था। इस कार्रवाई के दौरान, भवन स्वामियों को पहले ही सूचित किया गया था कि यदि वे अपनी प्रापर्टी को स्वयं खाली नहीं करते हैं, तो प्रशासन को मजबूरन कार्रवाई करनी पड़ेगी। कई भवन स्वामियों ने अपनी प्रापर्टी की रजिस्ट्री कराने के लिए सहमति दी, जिससे प्रशासन को कार्रवाई में सहायता मिली। लोगों ने इस कार्रवाई का स्वागत किया है और इसे क्षेत्र के विकास के लिए एक सकारात्मक कदम बताया है। उन्होंने कहा कि जर्जर भवनों के कारण न केवल सुरक्षा का खतरा था, बल्कि यह क्षेत्र की सुंदरता को भी प्रभावित कर रहा था। नगर निगम के अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि चौड़ीकरण के बाद क्षेत्र में यातायात की स्थिति में सुधार होगा और स्थानीय निवासियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी, ताकि क्षेत्र में अव्यवस्था को समाप्त किया जा सके और विकास की गति को तेज किया जा सके। इस प्रकार, दालमंडी चौड़ीकरण की कार्रवाई ने न केवल जर्जर भवनों को ध्वस्त किया, बल्कि स्थानीय निवासियों के लिए एक नई उम्मीद भी जगाई है।


