Kashi ka News. जनता को गुमराह करना बंद करें महापौर-राघवेन्द्र चौबे

 जनता को गुमराह करना बंद करें महापौर-राघवेन्द्र चौबे 

रिपोर्ट: आनंद सिंह अन्ना 

वाराणसी। कांग्रेस पार्षद दल की एक महत्वपूर्ण पत्रकार वार्ता मैदागिन स्थित पार्टी कार्यालय राजीव भवन में आयोजित की गई। वार्ता को संबोधित करते हुए महानगर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि नगर निगम से जुड़े विभिन्न जनहित के मुद्दों, शहर की बदहाल व्यवस्था, सफाई, जल निकासी, सीवर व्यवस्था तथा हाल ही में मीट-मांस की दुकानों को शहर से बाहर स्थानांतरित किए जाने को लेकर चल रही चर्चाओं पर विस्तार से विचार-ब्यक्त किया गया।

कांग्रेस पार्षद दल नेता गुलशन अंसारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पिछले दिनों यह प्रचारित किया जा रहा है कि वाराणसी शहर से मीट-मांस की दुकानों को बाहर करने का प्रस्ताव कांग्रेस पार्षद दल की ओर से दिया गया था। उन्होंने इस दावे को पूरी तरह झूठा, निराधार और भ्रामक बताते हुए कहा कि उन्होंने नगर निगम में ऐसा कोई प्रस्ताव कभी नहीं दिया है। यदि महापौर अशोक तिवारी यह दावा कर रहे हैं कि कांग्रेस पार्षद दल या उनके द्वारा ऐसा कोई प्रस्ताव दिया गया था, तो वह तत्काल उस प्रस्ताव को सार्वजनिक करें। जनता को बताया जाए कि कब, किस बैठक में और किस पत्र के माध्यम से ऐसा प्रस्ताव दिया गया। यदि महापौर ऐसा करने में असमर्थ हैं तो उन्हें काशी की जनता से माफी मांगनी चाहिए। कांग्रेस की राजनीति समाज को जोड़ने की राजनीति है, जबकि भाजपा समाज को बांटने और भ्रम फैलाने का काम कर रही है। नगर निगम की विफलताओं और शहर की ज्वलंत समस्याओं से जनता का ध्यान हटाने के लिए कांग्रेस पार्षद दल पर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं। काशी विश्व की प्राचीनतम सांस्कृतिक नगरी है और इसकी पहचान गंगा-जमुनी तहजीब, आपसी भाईचारे और सामाजिक समरसता से रही है। यहां सभी धर्मों और समुदायों के लोग सदियों से प्रेम और सौहार्द के साथ रहते आए हैं। ऐसे में महापौर द्वारा दिए जा रहे भ्रामक बयान सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने वाले हैं। कांग्रेस पार्षद दल ने केवल सावन और नवरात्र जैसे विशेष धार्मिक अवसरों पर, जब लाखों श्रद्धालु काशी आते हैं, तब आस्था और परंपराओं का सम्मान करते हुए कुछ दिनों के लिए मीट-मांस की दुकानों को बंद रखने की बात कही थी। लेकिन उस सुझाव को तोड़-मरोड़कर पूरे शहर से दुकानों को बाहर करने के प्रस्ताव के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है, जो पूरी तरह गलत है। मैं काशी के महापौर अशोक तिवारी से पूछना चाहता हूं कि यदि मैंने ऐसा कोई प्रस्ताव दिया है तो उसे सार्वजनिक करें। अन्यथा जनता को गुमराह करना बंद करें। काशी की जनभावनाओं से खिलवाड़ न करें और गंगा-जमुनी तहजीब को राजनीतिक लाभ के लिए निशाना न बनाएं। 

राघवेन्द्र चौबे ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी जनहित के मुद्दों पर पूरी तरह विफल साबित हुई है। नगर निगम की बदहाल व्यवस्था, शहर में व्याप्त अव्यवस्था, सफाई संकट, जलभराव और विकास कार्यों की धीमी गति से जनता परेशान है। इन मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए भाजपा नए-नए विवाद पैदा कर रही है। कांग्रेस किसी भी धर्म, समुदाय या व्यवसाय विशेष के खिलाफ नहीं है। कांग्रेस संविधान की भावना और सभी वर्गों के सम्मान में विश्वास करती है। काशी की पहचान उसकी सांस्कृतिक विविधता, धार्मिक सहिष्णुता और साझा विरासत से है। भाजपा यदि इस विरासत को नुकसान पहुंचाने का प्रयास करेगी तो कांग्रेस उसका लोकतांत्रिक तरीके से मजबूती से विरोध करेगी।उन्होंने कहा कि महापौर अशोक तिवारी को झूठी बयानबाजी छोड़कर नगर निगम की जिम्मेदारियों का निर्वहन करना चाहिए। जनता को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी है, न कि भ्रम और विवाद की राजनीति करना। कांग्रेस नेताओं एवं पार्षदों ने एक स्वर में कहा कि कांग्रेस पार्षद दल को बदनाम करने की किसी भी साजिश को सफल नहीं होने दिया जाएगा। कांग्रेस काशी की गंगा-जमुनी संस्कृति, सामाजिक सद्भाव और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए सदैव संघर्ष करती रहेगी। बैठक के अंत में निर्णय लिया गया कि यदि कांग्रेस पार्षद दल के खिलाफ झूठा प्रचार जारी रहा तो कांग्रेस जन-जन तक सच्चाई पहुंचाने के लिए व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाएगी और नगर निगम की विफलताओं को जनता के सामने उजागर करेगी। पत्रकार वार्ता में-महानगर अध्यक्ष राघवेन्द्र चौबे,पार्षद दल नेता गुलशन अली, रमजान अली, अफरोज अंसारी, अशलम खां, वकाश अंसारी, राज खान, बेलाल अंसारी, तुफैल अंसारी, अरशद लड्डू, अब्दुल हमीद डोडे, किशन यादव, मो उज्जैर, किशन गुप्ता, कृष्णकांत तिवारी शामिल रहे।