Kashi ka News. राम मंदिर चढ़ावा प्रकरणः चंपत राय व अनिल मिश्रा को क्लीन चिट दुर्भाग्यपूर्ण है-राघवेंद्र चौबे

 राम मंदिर चढ़ावा प्रकरणः चंपत राय व अनिल मिश्रा को क्लीन चिट दुर्भाग्यपूर्ण है-राघवेंद्र चौबे 

रिपोर्ट: आनंद सिंह अन्ना 

वाराणसी। अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा अर्पित चढ़ावे से जुड़े भ्रष्टाचार एवं अनियमितताओं के मामले में चंपत राय और अनिल मिश्रा को क्लीन चिट दिए जाने पर महानगर कांग्रेस कमेटी ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने इसे करोड़ों रामभक्तों की आस्था से जुड़े मामले में बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि जिन लोगों की भूमिका पर गंभीर सवाल उठे हैं, उनकी निष्पक्ष जांच और जवाबदेही तय होनी चाहिए थी। इसी मुद्दे को लेकर महानगर कांग्रेस कमेटी के जनजागरण अभियान की छठवीं कड़ी के अंतर्गत मंगलवार को भेलूपुर स्थित गुरु धाम चौराहे के हनुमान मंदिर परिसर में सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ आयोजित किया गया। कांग्रेसजनों एवं स्थानीय नागरिकों ने सामूहिक रूप से हनुमान चालीसा का पाठ कर सत्य, न्याय, पारदर्शिता और सद्भाव की विजय की प्रार्थना की। कार्यक्रम के अंत में सामूहिक आरती की गई।

महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि चंपत राय और अनिल मिश्रा को क्लीन चिट मिलना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।इस पूरे प्रकरण में जिन लोगों की भूमिका पर गंभीर सवाल उठे हैं, उनकी निष्पक्ष जांच और जवाबदेही तय होनी चाहिए थी। इसके बजाय उन्हें क्लीन चिट देकर पूरे मामले पर पर्दा डालने की कोशिश की गई है। चंपत राय और अनिल मिश्रा इस प्रकरण के सबसे बड़े दोषियों में शामिल हैं और इनके विरुद्ध कार्रवाई होनी चाहिए थी, लेकिन सत्ता के संरक्षण और आरएसएस के दबाव में इन्हें क्लीन चिट दिया गया है, जो पूरी तरह गलत है। कांग्रेस पार्टी इस निर्णय का पुरजोर विरोध करेगी और इस मुद्दे को जनता के बीच लेकर जाएगी। कांग्रेस की मांग है कि राम मंदिर के चढ़ावे से जुड़े पूरे प्रकरण की निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध जांच हो तथा जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाए, उसके खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाए।

कार्यक्रम महानगर अरुण सोनी, सतनाम सिंह, सजीव सिंह, प्रवीण प्रकाश, प्रमोद वर्मा, वकील अंसारी, चंचल शर्मा, धीरज सोनकर, रोहित दुबे, राजेंद्र गुप्ता, हाजी इश्लाम, ओम शुक्ला, सदानन्द तिवारी, अफसर ख़ान, पप्पू मोदनवाल, दीप विश्वकर्मा, विनोद शर्मा, नित्यानंद पाठक, अरुण शाह, प्रेम तिवारी, आशिष, दिप विश्वकर्मा, दीपक सोनकर, किशन यादव, शमशाद अहमद, प्रेम दिप तिवारी, विजय देवल, रामजी गुप्ता, सुभम पटेल, राजकुमार, दिनेश सेठ समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल रहे।